Tuesday, Oct 20 2020 | Time 19:24 Hrs(IST)
image
BREAKING NEWS:
  • राजद विधायक नेमतुल्लाह, पूर्व केंद्रीय मंत्री दशई चौधरी जदयू में शामिल
  • परिवार और कोच गोपीचंद के साथ कोई अनबन नहीं: सिंधू
  • शाहजहांपुर में दो तस्कर गिरफ्तार,डेढ़ करोड़ की स्मैक बरामद
  • नाबार्ड अध्यक्ष बुधवार से चार दिन के उत्तराखंड भ्रमण पर
  • उच्च न्यायालय ने इकबाल के खिलाफ कार्रवाई पर लगाई रोक
  • यूआईडीएआई के सहायक महानिदेशक एक लाख रूपये की रिश्वत लेते नई दिल्ली में गिरफ्तार
  • बरोदा विस और आसपास क्षेत्राें में ड्राई डे घोषित
  • जामताड़ा से दो साइबर अपराधी गिरफ्तार
  • सोनीपत में कोरोना के 63 नए मामले
  • धोनी को जाधव और चावला में कौन सा स्पार्क दिखा: श्रीकांत
  • जम्मू-कश्मीर में सक्रिय मामलों में 190 और की कमी
  • छठे भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव का 22 से 25 दिसंबर को वर्चुअल माध्यम से आयोजन
  • शरद पवार के पास केवल राज्य सरकार के बचाव की जिम्मेदारी: फडनवीस
  • बिहार विधानसभा के तीसरे चरण के चुनाव में कुल 884 नामांकन पत्र दाखिल
  • तमिलनाडु में कोरोना के 3094 नये मामले,4403 स्वस्थ
भारत


दबाव में सरकार ने घोेषित किया गेहूं का एमएसपी: कांग्रेस

दबाव में सरकार ने घोेषित किया गेहूं का एमएसपी: कांग्रेस

नयी दिल्ली, 22 सितम्बर (वार्ता) कांग्रेस ने कहा है कि सरकार कृषि संबंधी विधेयकों के पारित होने से किसानों की नाराजगी के कारण दबाव में आ गयी है और किसानों के गुस्से को देखते हुए उसने कम ही सही लेकिन आनन-फानन में गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य-एमएसपी घोषित किया है।

कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख रणदीप सिंह सुरजेवाला, पार्टी के लोकसभा सदस्य डॉ. अमर सिंह, गुरजीत सिंह औजला तथा डॉ. अमी याज्ञनिक और जसबीर सिंह गिल ने मंगलवार को यहां संसद भवन के बाहर विजय चौक पर संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सरकार किसानों के आंदोलन से डर गयी है। उसे इसका एहसास शायद पहले नहीं था इसलिए वह किसान विरोधी विधेयक लेकर आयी है।

उन्होंने कहा “किसान आंदोलन के चलते कल मोदी सरकार ने आनन-फानन में रबी फसलों, विशेषतः गेहूं का एमएसपी घोषित किया है। एक बार फिर साफ हो गया है कि किसानों का आंदोलन और मोदी सरकार पर खेती को खत्म करने के षडयंत्र का इल्ज़ाम बिल्कुल सही है।”

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अब मोदी सरकार एमएसपी की प्रणाली को ही फसल की लागत, किसान परिवार के सदस्यों की मजदूरी, किसान की जमीन का किराया सब कुछ खत्म करने में लगी है। उन्होंने कहा कि एमएसपी खत्म करने की भाजपाई साजिश बेनकाब हो गयी है और गेहूं का समर्थन मूल्य मात्र 2.6 प्रतिशत बढाकर उसका किसानों को लाभ देने का वादा भी जुमला बन गया है।

उन्होंने कहा कि कृषि विरोधी तीन काले कानूनों ने मोदी सरकार के ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मुखौटे को उतार दिया है और अब साबित हो गया है कि उसका मूलमंत्र है - किसानों को मात, पूंजीपतियों का साथ,खेत मजदूरों का शोषण पूंजीपतियों का पोषण, गरीबों का दमन पूंजीपतियों को नमन बन गया है।

अभिनव आशा

वार्ता

More News
कोरोना की जंग में लापरवाही न बरतें लोग : माेदी

कोरोना की जंग में लापरवाही न बरतें लोग : माेदी

20 Oct 2020 | 7:01 PM

नयी दिल्ली 20 अक्टूबर (वार्ता) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने त्यौहार के मौके पर देशवासियों से कोरोनो के खिलाफ लड़ाई में लापरवाही न बरतने की अपील की है

see more..
ईपीएफओ का  कार्य मॉडल  सरकार के अन्य विभागों में भी  अपनाया जाए: गंगवार

ईपीएफओ का कार्य मॉडल सरकार के अन्य विभागों में भी अपनाया जाए: गंगवार

20 Oct 2020 | 6:28 PM

नई दिल्ली 20 अक्टूबर .(वार्ता) केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री संतोष कुमार गंगवार ने कर्मचारी भविष्य निधि संगठन - ईपीएफओ के कार्य संचालन की प्रशंसा करते हुए कहा है कि इसकी कार्यक्षमता और पारदर्शिता के मॉडल को सरकार के अन्य विभागों में भी अपनाया जाना चाहिए।

see more..
image