Saturday, Jul 11 2020 | Time 13:44 Hrs(IST)
image
BREAKING NEWS:
  • कोरोना संक्रमितों को आइटोलिजुमैब दवा देने पर डीसीजीआई की मंजूरी
  • देश में कठोर जनसंख्या नियंत्रण कानून की जरूरत: गिरिराज
  • दक्षिण कोरिया में कोरोना संक्रमितों की संख्या 13,373 हुई
  • जयपुर में बनी छिद्रपूण फेंफडे के रोग गाइडलाइन्स का अमेरिका और एशिया पैसिफिक चेस्ट सोसायटी द्वारा समर्थन
  • जर्मनी में कोरोना के 378 नए मामलों की पुष्टि, कुल संख्या 198,556 हुई
  • दिल्ली विश्वविद्यालय के दिल्ली सरकार के अधीन कॉलेजों की सभी परीक्षाएं रद्द: सिसोदिया
  • कोरोना के 2 82 लाख से अधिक नमूनों की जांच
  • स्मार्ट सिटी परियोजना को स्थानीय स्थापत्य शैली से जोड़ने की जरूरत: वेंकैया
  • देश में कुल 1,180 कोरोना टेस्ट लैब
  • रोहतास में वाहनों की टक्कर में एक की मौत, दो घायल
  • पुणे, पिंपड़ी तथा चिंचवड़ में 13 जुलाई से 10 दिन का लॉकडाउन
  • औरंगाबाद में कोराना संक्रमितों की संख्या 8000 के पार
  • निर्धारित समय से चार वर्ष पहले पूरा हुआ बाघों की संख्या दोगुना करने का लक्ष्य: जावडेकर
  • नालंदा में तालाब में डूबकर दो की मौत
  • खलनायकी को नये अंदाज में पेश किया प्राण ने
राज्य » पंजाब / हरियाणा / हिमाचल


केन्द्र तथा प्रदेश सरकारें पुलिस के हाथों को काूनन की सीमा में बांधें :प्रो0 चावला

केन्द्र तथा प्रदेश सरकारें पुलिस के हाथों को काूनन की सीमा में बांधें :प्रो0 चावला

चंडीगढ़ ,14 सितंबर (वार्ता)सामाजिक कार्यकर्ता एवं भारतीय जनता पार्टी की पूर्व उपाध्यक्ष प्रो0 लक्ष्मीकांता चावला ने केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह तथा देश की राज्य सरकारों से आग्रह किया है कि वे पुलिस के हाथों को कानून की सीमा में बांधें ।

उन्होंने आज यहां एक बयान में कहा कि नए ट्रैफिक नियमों को लागू करने वाली पुलिस मानवता भूल गई। अपनी ड्यूटी भूल गई और जिस ढंग से इन दिनों चालान करने के नाम पर लोगों को बर्बरता से पीटा जा रहा है उसका क्रूर उदाहरण कल यूपी के सिद्धार्थ नगर से पूरे देश ने देखा। उस व्यक्ति का विशेष धन्यवाद जिसने पुलिस की यह गैर इंसानी हरकत पूरे देश को दिखाई, पर अफसोस यह भी है कि सड़कों पर खड़े दूसरे लोग अपनी चमड़ी की चिंता में खड़े रहे। न केाई पिटते युवक को बचाने आया और न ही उसकी बेटी को संभालने।

प्राे0 चावला ने सरकार से सवाल किया कि क्या जो हेल्मेट नहीं पहनेगा उसे जान से मार दोगे? पुलिस वालों को वर्षों पहले इलाहाबाद हाईकोर्ट के एक जज ने कहा था कि यह गुंडों का संगठित गिरोह है। अब तो सड़कों पर इनका असली रूप दिखाई देने लग गया। वैसे भी कहीं अस्सी हजार रुपये का चालान, कहीं एक लाख 41 हजार का चालान और कहीं दो लाख से ज्यादा का ट्रक वाले का चालान क्या हिंदुस्तान के आम आदमी में इतनी बड़ी जुर्माना राशि देने की हिम्मत है? अच्छा हो सरकार पुलिस वालों के साथ इनकम टैक्स वालों को भी सड़कों पर भेज दे कि जो बड़ा जुर्माना दे उसकी आमदनी का स्रोत भी पूछा जाए।

उन्होंने कहा कि जनता को यह अधिकार दिया जाए कि चालान करने वाली मशीनरी स्वयं कानून का पालन नहीं करती तो उसे सड़क पर रोक कर जनता पूछे और उनके चालान करे। यह ठीक है कि इससे अराजकता पैदा होगी, पर इस अराजकता की जिम्मेवार वे सरकारें होंगी जो कानून बनाते समय देश की असलियत को नहीं समझतीं।

उन्होंने उन सांसदों से सवाल किया जिन्होंने आंखें बंद करके केवल वफादारी निभाते हुए संसद में कोई भी किंतु परंतु किए बिना इसे पास कर दिया। अच्छा हो ये बड़े लोग छह महीने के लिए यह कानून केवल पुलिस, वीआईपी, सांसद और विधायकों तथा उनके परिवारों पर लागू करे। वैसे पहले पुलिस को ट्रेनिंग दी जाए कि जनता से कैसा व्यवहार करना है।

सरकारें साावधान रहें, जनता हमेशा के लिए तंत्र की गुलाम नहीं हो सकतीं, क्योंकि यहां लोकतंत्र है।

शर्मा

वार्ता

More News
पंजाब में कोरोना संक्रमण से चार मरीजों की मौत

पंजाब में कोरोना संक्रमण से चार मरीजों की मौत

10 Jul 2020 | 8:07 PM

चंडीगढ़ ,10 जुलाई (वार्ता) पंजाब में तेजी से बढ़ती कोरोना महामारी से पिछले चौबीस घंटों में चार और मरीजों की मौत हो गयी । इसी के साथ राज्य में अब तक कोरोना से मरने वालों की संख्या 187 तक पहुंच गयी है ।

see more..
image