Friday, Aug 7 2020 | Time 16:05 Hrs(IST)
image
BREAKING NEWS:
  • फॉरेंसिक विशेषज्ञ राबिन बोस की कोरोना से मौत, बंगाल में रैपिड एंटीजन जांच शुरू
  • दिल्ली श्रमिक बोर्ड मजदूरों के साथ कर रहा है खिलवाड़
  • नाकाबंदी में पकड़े गये तीन युवक, बताया जुलाई में कर चुके हैं दो हत्याएं
  • ‘सनफीस्ट इंडिया रन एज वन’ में भाग लेंगे अभिनव बिंद्रा
  • ‘सनफीस्ट इंडिया रन एज वन’ में भाग लेंगे अभिनव बिंद्रा
  • पुडुचेरी में कोरोना के 244 नए मामले, पांच की मौत
  • जिंसों में टिकाव
  • लोगों के प्यार के साथ पुरस्कार, से मिलती है लेखनी को मजबूती: कुलदीप राघव
  • मणिपुर में लॉकडाउन कुछ ढील के साथ 15 अगस्त तक बढ़ाया
  • पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मौसम शुष्क रहेगा
  • रुपया एक पैसा मजबूत
  • रुपया एक पैसा मजबूत
  • बिजली अभियंता 18 अगस्त को विरोध दिवस मनाएंगे
Parliament


ई सिगरेट प्रतिषेध विधेयक को संसद की मंजूरी

ई सिगरेट प्रतिषेध विधेयक को संसद की मंजूरी

नयी दिल्ली 02 दिस्मबर (वार्ता) इलेक्ट्रानिक सिगरेट ( उत्पादन , विनिर्माण , आयात , निर्यात ,परिवहन , विक्रय , वितरण , भंडारण और विज्ञापन ) प्रतिषेध विधेयक 2019 पर सोमवार को संसद की मुहर लग गयी ।
राज्यसभा में इस विधेयक को ध्वनि मत से पारित कर दिया गया जबकि लोकसभा इसे पहले ही पारित कर चुकी थी । सदन ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के के के रागेश के इससे संबेधित अध्यादेश को मंजूरी नहीं देने के प्रस्तान को खारिज कर दिया ।
स्वास्थ्य मंत्री हर्ष वर्धन ने विधेयक पर हुयी चर्चा का उत्तर देते हुए कहा कि परम्परागत सिगरेट उत्पादक कम्पनियां ही ई सिगरेट लाना चाहती थी और इसकें उत्पादन की तैयारी कर ली थी । सरकार ने इस समस्या की गंभीरना को समझा और इसका समाधान शुरु में करने का निर्णय लिया । जिसके तहत अध्यादेश लाया गया ।
उन्होंने कहा कि सरकार ने 2025 तक तम्बाकू उत्पादों की खपत 30 प्रतिशत कम करने का लक्ष्य निर्धरित किया है । उन्होंने कहा कि ई सिगरेट मत्बाकू से अधिक खतरनाक है । उन्होंने कहा कि ई सिगरेट से कैंसर , हृदय रोग और कई अन्य बीमारियां होती है ।
अरुण
अरुण

image