Sunday, Sep 20 2020 | Time 15:48 Hrs(IST)
image
BREAKING NEWS:
  • एमएसपी प्रणाली जारी रहेगी: मोदी
  • पाककिस्तान के नापाक मंसूबे बेनकाब
  • अभी कई विभाग में सुधार की जरूरत : धोनी
  • अभी कई विभाग में सुधार की जरूरत : धोनी
  • किसानों ने किया नेशनल हाइवे किया जाम
  • रोहतास में सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत
  • भागलपुर में विशेष अभियान में 38 अपराधी गिरफ्तार
  • लोकसभा की कार्यवाही चार बजे तक स्थगित
  • विपक्ष के भारी हंगामें के बीच कृषि सुधारों के विधेयकों पर संसद की मुहर
  • मुंबई में निषेधाज्ञा , शिवसेना नीत सरकार की चाल: पाटिल
  • गहलोत ने दिये सरकारी सेवा में समयबद्ध भर्ती करने के निर्देश
  • एनआईए ने अलकायदा आतंकवादियों से पूछताछ शुरू की
  • ईरान पर संरा के प्रतिबंधों का विरोध करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करेगा अमेरिका : पाेम्पियो
  • राज्यसभा में विपक्ष के भारी हंगामें के बीच कृषि सुधारों के विधेयक पारित
राज्य » अन्य राज्य


कोलकाता में फर्जी कोविड क्लिनिक चलाने वाले तीन युवक गिरफ्तार

कोलकाता, 01 अगस्त (वार्ता) पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के नेताजी नगर थाना क्षेत्र में पुलिस ने ऐसी फर्जी कोरोना वायरस (कोविड-19) जांच क्लिनिक का भंडाफोड़ किया है जहां से जारी गलत रिपोर्ट के कारण एक व्यक्ति की मौत हो गयी। इस संबंध में तीन युवकों को गिरफ्तार भी किया गया है।
रिपोर्ट के मुताबिक मृतक व्यक्ति की विधवा की ओर से दर्ज कराई गई प्राथमिकी के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस को फर्जी क्लिनिक का पर्दाफाश करने में कामयाबी हाथ लगी।
रिपोर्ट के मुताबिक गत 24 जुलाई को ऑनलाइन सर्च के दौरान नाकताला रोड निवासी विमल सिन्हा परिवार को वेबसाइट पर ऐसा एड्रेस मिला जिसमें दावा किया गया था कि उनका आदमी घर से स्वाब के नमूने एकत्र करेगा और 72 घंटे के भीतर जांच रिपोर्ट दे दी जाएगी। इसके बाद इस परिवार ने काेरोना जांच शुल्क के रूप में 8,000 रुपये का ऑनलाइन भुगतान कर दिया।
पुलिस के मुताबिक इसके बाद एक कथित तकनीशियन ने विमल का स्वाब नमूना एकत्र किया। इसके बाद 27 जुलाई को आयी रिपोर्ट में विमल में कोरोना संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई, पर तब तक विमल की हालत काफी बिगड़ चुकी थी और उन्हें सरकारी एमआर बांगुर अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां करायी गयी जांच में उनके कोरोना से संक्रमित होने की पुष्टि हुई।
इसके तीन दिनों के बाद ही 30 जुलाई को कोरोना पीड़ित विमल की मौत हो गयी। इसके बाद उनके परिवार के सदस्यों ने संबंधित थाना में मामला दर्ज कराया।
पुलिस ने जांच के दौरान पाया कि ऐसा कोई क्लिनिक अस्तित्व में ही नहीं था। मोबाइल फोन की पड़ताल के बाद अनीत पारिया को गिरफ्तार किया गया जिसकी निशानदेही पर इंद्रजीत और विश्वजीत को गिरफ्तार किया गया। ये दाेनों अलग-अलग सरकारी अस्पताल में अनुबंध पर काम कर रहे थे। तीनों तीन अगस्त तक के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिये गये हैं।
संजय.श्रवण
वार्ता
More News
तेलंगाना में पुलिस के साथ मुठभेड़, दो माओवादी ढेर

तेलंगाना में पुलिस के साथ मुठभेड़, दो माओवादी ढेर

20 Sep 2020 | 2:02 PM

हैदराबाद 20 सितम्बर (वार्ता) तेलंगाना के कोमरम भीम अशिफाबाद जिले में पुलिस के साथ मुठभेड़ में दो माओवादी मारे गये।

see more..
पेमा खांडू की जांच रिपोर्ट नेगेटिव

पेमा खांडू की जांच रिपोर्ट नेगेटिव

20 Sep 2020 | 12:19 PM

ईटानगर 20 सितम्बर (वार्ता) अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री प्रेमा खांडू की कोरोना जांच रिपोर्ट दूसरी बार नेगेटिव आयी है।

see more..
image