Saturday, Dec 13 2025 | Time 09:10 Hrs(IST)
भारत


हर बार निजता में सेंध लगाने के फेर में क्यों रहती है मोदी सरकार : कांग्रेस

नयी दिल्ली, 03 दिसम्बर (वार्ता) कांग्रेस ने कहा है कि मोदी सरकार शुरु से ही निजता पर सेंध लगाने का प्रयास करती रही है और इसके लिए कई बार उसने प्रयास भी किए और हर बार पकड़ी गयी और अब 'संचार साथी' ऐप मोबाइल पर लगाकर लोगों के निजी जीवन में झांकने का प्रयास कर रही है।
कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने बुधवार को यहां पार्टी मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन में कहा कि भाजपा ने 2014 में घर-घर मोदी का नारा दिया था। इस पार्टी की सरकार अब हर मोबाइल में 'संचार साथी' ऐप लगाकर जासूसी करना चाहती है। सरकार ने एक लिखित आदेश दिया है जिसके माध्यम से हर मोबाइल में 'संचार साथी' नाम का ऐप प्री-लोडेड होगा। मगर संचार मंत्री मौखिक तौर पर कह रहे हैं- ये ऐप डिसेबल हो सकता है लेकिन भाजपा की कथनी और करनी में हमेशा अंतर रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार को आम जनता के मोबाइल में घुसने का अधिकार नहीं है। भाजपा को याद रखना होगा कि उसकी सरकार में करोड़ों लोगों का आधार का डेटा लीक हुआ है और अब हर फोन में घुसना चाहती है। उनका कहना था कि मोदी सरकार निजता के हनन को लेकर शुरु से ही बहुत उत्सुक रही है और इसी का परिणाम था कि 2017 में उच्चतम न्यायालय में निजता को मौलिक अधिकार मानने के विरोध में खड़ा होना पड़ा और फिर 2018 में 10 एजेंसियों को बिना न्यायिक निगरानी के किसी भी कंप्यूटर से जानकारी इंटरसेप्ट करने का अधिकार दे दिया गया। फिर डीएनए प्रोफाइलिंग बिल लाने की कोशिश कर सोशल मीडिया हब और डिजिटल बातचीत पर निगरानी की तैयारी हुई और 2019 में पेगासस जासूसी कांड में विपक्षी नेताओं, पत्रकारों, न्यायाधीशों और यहां तक कि केंद्रीय मंत्रियों की भी जासूसी की गई।
कांग्रेस नेता ने कहा कि 2020 में नमो ऐप के तहत कई व्हिसलब्लोअर्स और पत्रकारों के निजी डेटा के लीक और उसके दुरुपयोग की बात सामने आई और 2021 में नागरिकों की निजी जानकारी और उनका डेटा निजी कंपनियों को बेचकर 100 करोड़ रुपये से अधिक कमाए। साल 2023 में सूचना का अधिकार आरटीआई कानून जानबूझकर कमजोर कर दिया गया और 2025 में अधिनियम में बदलाव कर खुद को ईमेल, क्लाउड अकाउंट, मैसेजिंग ऐप, सोशल मीडिया, ऑनलाइन बैंकिंग और यहां तक कि उपकरणों तक की छानबीन का अधिकार दे दिया
श्री खेड़ा ने सरकार से सवाल किया कि मोदी सरकार हर नागरिक के फ़ोन में जबरन ऐप क्यों ठूंस रही है और सरकार ने इस घातक आदेश पर कोई सार्वजनिक परामर्श किया है। उनका कहना था कि 80 करोड़ डिजिटल नागरिकों की सहमति मान लेने का अधिकार सरकार को किसने दिया और नागरिकों के अपने साथी, परिवार, या मित्रों से क्या बात करते हैं, यह जानने की इच्छा सरकार में किस वजह से पैदा हुई है।
अभिनव, मधुकांत
वार्ता
More News

खेड़ा को सोशल मीडिया पोस्ट पर मानहानि का 100 करोड़ रुपये का नोटिस

12 Dec 2025 | 11:40 PM

नई दिल्ली, 12 दिसंबर (वार्ता) कांग्रेस प्रवक्ता और पार्टी के मीडिया एवं पब्लिसिटी विभाग के चेयरमैन पवन खेड़ा को सोशल मीडिया 'एक्स' पर उनकी एक पोस्ट के लिए 100 करोड़ रुपये का मानहानि का नोटिस भेजा गया है। श्री खेड़ा ने यह पोस्ट शुक्रवार सुबह किया था।.

see more..

अंतरराष्ट्रीय जनमंगल सम्मेलन में संतों और जनप्रतिनिधियों ने लिया हर माह–एक उपवास का संकल्प

12 Dec 2025 | 11:16 PM

नयी दिल्ली, 12 दिसंबर (वार्ता) राष्ट्रीय राजधानी के भारत मंडपम में दो दिवसीय 'अंतरराष्ट्रीय जनमंगल सम्मेलन' में शुक्रवार को संतों और जनप्रतिनिधियों ने 'हर माह-एक उपवास' का संकल्प लिया। .

see more..

हवाई अड्डों पर देर तक फंसे रहे यात्रियों को मुआवजे के लिए करना होगा इंतजार

12 Dec 2025 | 10:28 PM

नयी दिल्ली, 12 दिसंबर (वार्ता) निजी विमान सेवा कंपनी इंडिगो के उन यात्रियों को जो 03, 04 और 05 दिसंबर को अपनी फ्लाइट के लिए घंटों इंतजार करते रहे, अब मुआवजे के लिए भी लंबा इंतजार करना पड़ेगा।.

see more..

भारत में 'तेरे टुकड़े हों' जैसी भाषा का प्रयोग नहीं किया जाना चाहिये: मोहन भागवत

12 Dec 2025 | 10:12 PM

नयी दिल्ली/पोर्ट ब्लेयर, 12 दिसंबर (वार्ता) राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने शुक्रवार को कहा कि भारत में देश तोड़ने वाली भाषा का कोई स्थान नहीं होना चाहिए तथा 'तेरे टुकड़े हों' जैसी भाषा का प्रयोग नहीं किया जाना चाहिये। .

see more..

युवक की निर्मम हत्या के मामले मे एक व्यक्ति जेल दाखिल

12 Dec 2025 | 9:56 PM

नई दिल्ली,12 दिसंबर (वार्ता) दिल्ली में पिछले बवाना के मुनक नहर में मिले 18 वर्षीय युवक के शव की निर्मम हत्या के मामले में 23 वर्षीय एक व्यक्ति को जेल भेज दिया गया है। .

see more..