Friday, Sep 4 2026 | Time 22:46 Hrs(IST)
राज्य » जम्मू-कश्मीर


उपराज्यपाल सिन्हा का सुरक्षा एजेंसियों को निर्देश, जम्मू-कश्मीर में आतंकी नेटवर्क पर दबाव और बढ़ायें

श्रीनगर, 01 सितंबर (वार्ता) जम्मू -कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने मंगलवार को सुरक्षा एजेंसियों को आतंकी नेटवर्क पर लगातार दबाव बनाये रखने और नये खतरों को निर्णायक रूप से खत्म करने के लिए आक्रामक इलाकाई दबदबे की रणनीति अपनाने के निर्देश दिये।
उपराज्यपाल ने केंद्र शासित प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था और रणनीतिक तैयारियों का जायजा लेने के लिए वरिष्ठ नागरिक, पुलिस और सुरक्षा अधिकारियों के साथ आयोजित उच्च स्तरीय सुरक्षा समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए यह निर्देश जारी किये। उन्होंने सभी अधिकारियों को केंद्र शासित प्रदेश में शांति और कानून-व्यवस्था बनाये रखने के लिए उच्चस्तरीय अभियानगत सतर्कता, एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल और सक्रिय दृष्टिकोण बनाये रखने के निर्देश दिये।
एक आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि उपराज्यपाल ने वरिष्ठ अधिकारियों को जमीनी स्तर पर तालमेल बढ़ाने और आतंकी नेटवर्क पर लगातार नकेल कसने के निर्देश दिये।
सुरक्षा व्यवस्था के लिए जनता के भरोसे को महत्वपूर्ण बताते हुए उपराज्यपाल ने पुलिस अधिकारियों को आम लोगों के साथ सीधा संवाद बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने नागरिकों की समस्याएं सुनने और उनके समाधान के लिए विशिष्ट समय निर्धारित करने को कहा।
थाना स्तर पर कामकाज की समीक्षा करते हुए उपराज्यपाल ने शिकायतों के पारदर्शी, निष्पक्ष और संवेदनशील निपटारे की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने अधिकारियों को पूरी पेशेवर दक्षता के साथ जांच करने के निर्देश दिये।
उपराज्यपाल ने कहा, "पुलिस को जनता के साथ निरंतर और मजबूत संपर्क बनाये रखना चाहिए। हर जायज शिकायत का संवेदनशीलता से समाधान होना चाहिए और प्रत्येक मामले की जांच पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ की जानी चाहिए।"
उपराज्यपाल ने मादक पदार्थों तस्करों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की सराहना की। उन्होंने नार्को-आतंकवादी नेटवर्क के खिलाफ अभियान तेज करने और डिजिटल खतरों की निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिये। साइबर और सोशल मीडिया के क्षेत्र में उभरती चुनौतियों पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने राष्ट्रविरोधी दुष्प्रचार, फर्जी रिपोर्टों और ऑनलाइन ब्लैकमेलिंग से निपटने के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की कड़ी निगरानी के आदेश दिये।
बैठक के दौरान जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक और प्रमुख सचिव (गृह) ने उपराज्यपाल को राज्य के समग्र सुरक्षा परिदृश्य की जानकारी दी। वहीं, आईजीपी, डीआईजी और मंडलायुक्तों ने अपने-अपने क्षेत्रों की सुरक्षा स्थिति, आतंकवाद रोधी अभियानों, कानून-व्यवस्था और नशा तस्करी की स्थिति से उन्हें अवगत कराया।
बैठक में अन्य कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी विस्तृत चर्चा की गयी।
आलम जितेन्द्र
वार्ता
More News

पुलिस-बीएसएफ ने सांबा में चलाया संयुक्त तलाश एवं क्षेत्र प्रभुत्व अभियान

04 Sep 2026 | 7:22 PM

जम्मू, 04 सितंबर (वार्ता) जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीमा सुरक्षा बल ने शुक्रवार को सांबा ज़िले के घगवाल थाना क्षेत्र में आने वाले सीमावर्ती इलाकों में एक संयुक्त 'तलाश-कम-क्षेत्र प्रभुत्व (तलाशी और इलाके पर पकड़ बनाने का) अभियान चलाया जिसका उद्देश्य इलाके पर पकड़ मज़बूत करने, चौकसी बढ़ाने और स्थानीय लोगों के साथ बेहतर तालमेल स्थापित करना है। .

see more..

बडगाम-पुंछ सीमा के पास मुठभेड़ में एक आतंकवादी ढेर

04 Sep 2026 | 6:48 PM

श्रीनगर, 04 सितंबर (वार्ता) जम्मू-कश्मीर में बडगाम-पुंछ सीमा के पास अशदार गली इलाके में शुक्रवार को सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में एक अज्ञात आतंकवादी मारा गया। .

see more..

श्रीनगर में कश्मीरी पंडितों ने जन्माष्टमी पर शोभा यात्रा निकाली

04 Sep 2026 | 6:34 PM

श्रीनगर, 04 सितंबर (वार्ता) जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में कश्मीरी पंडित समुदाय ने शुक्रवार को भगवान कृष्ण के जन्म के उपलक्ष्य में जन्माष्टमी का त्योहार पूरे जोश और उत्साह के साथ मनाया और शहर के प्रमुख इलाकों में शोभा यात्रा निकाली।.

see more..

जम्मू में धूमधाम से मनाया गया श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार

04 Sep 2026 | 5:54 PM

जम्मू, 04 सितंबर (वार्ता) श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार जम्मू संभाग में शुक्रवार को धूमधाम और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। .

see more..

कश्मीर में मीरवाइज ने घर में नजरबंद किये जाने और जामिया मस्जिद जाने से रोके जाने का आरोप लगाया

04 Sep 2026 | 2:55 PM

श्रीनगर, 04 सितंबर (वार्ता) कश्मीर के मुख्य मौलवी मीरवाइज उमर फारूक ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें फिर से घर में नजरबंद कर दिया गया है और ऐतिहासिक जामिया मस्जिद श्रीनगर जाने से रोक दिया गया है, जहां उन्हें एक धार्मिक समारोह की अध्यक्षता करनी थी।.

see more..