Sunday, Aug 9 2026 | Time 22:53 Hrs(IST)
राज्य » अन्य राज्य


मदन मित्रा ने ईडी के दबाव की वजह से तृणमूल छोड़ने के आरोप को किया खारिज

कोलकाता, 17 जुलाई (वार्ता) तृणमूल कांग्रेस के बागी कद्दावर नेता मदन मित्रा ने शुक्रवार को केंद्रीय जांच एजेंसियों के दबाव के कारण पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस पार्टी को छोड़ने का निर्णय लेने के आरोपों को खारिज कर दिया।
श्री मित्रा ने कहा कि श्री ऋतव्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी समूह में शामिल होने का उनका फैसला पूरी तरह से राजनीतिक मतभेदों पर आधारित है। विधानसभा परिसर में संवाददाताओं से बात करते हुए उन्होंने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने न तो उन्हें डराया और न ही प्रभावित किया। उन्होंने कहा, "ईडी ने हमें नहीं डराया। ईडी ने हमें कभी नहीं बुलाया या धमकाया। राजनीति को ईडी के साथ क्यों जोड़ा जाए? मेरा फैसला पूरी तरह से राजनीतिक है।" उन्होंने उन अटकलों को भी खारिज कर दिया कि उनके परिवार के सदस्यों को हाल ही में मिले ईडी के नोटिस के कारण उन्हें यह कदम उठाना पड़ा।
उन्होंने कहा कि वह कालीघाट-केंद्रित तृणमूल नेतृत्व के कामकाज से काफी असंतुष्ट हो गये थे और उनका मानना था कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का मुकाबला करने के लिए पार्टी को और अधिक आक्रामक राजनीतिक रणनीति की जरूरत है। श्री मित्रा ने कहा, "मुझे लगा कि भाजपा को हराने के लिए कालीघाट से तृणमूल के कामकाज के तरीके की तुलना में कहीं अधिक प्रयास की आवश्यकता है। मैं एक अधिक मुखर तृणमूल के साथ खड़ा होना चाहता था। उन्होंने मुझे दूर कर दिया, इसलिए मैं चला गया।"
श्री मित्रा ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की भी प्रशंसा की और उन्हें देश के सबसे प्रभावशाली राजनीतिक नेताओं में से एक बताया। उन्होंने कहा, "श्री अधिकारी की उम्र में उनकी ताकत और ऊर्जा को देखते हुए, देश में उनके बराबर का दूसरा नेता मिलना मुश्किल होगा।"
श्री मित्रा इस हफ़्ते की शुरुआत में औपचारिक रूप से ऋतव्रत बनर्जी के समूह में शामिल हो गये थे। उन्होंने संगठन छोड़ने के अपने फ़ैसले के लिए तृणमूल के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को ज़िम्मेदार ठहराया। पार्टी छोड़ने की वजह बताते हुए, राज्य समिति के पूर्व महासचिव ने कहा कि वह अब पार्टी के भीतर प्रभावी ढंग से काम नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने कहा, "मैंने इस्तीफ़ा इसलिए दिया क्योंकि मैं सुश्री बनर्जी की तृणमूल में काम नहीं कर पा रहा था। मैंने उन सभी समितियों से इस्तीफ़ा दे दिया है जिनका मैं सदस्य था। सुश्री बनर्जी के कई पुराने सहयोगी पार्टी छोड़ रहे हैं क्योंकि अब संगठन को मज़बूत करने के बजाय श्री बनर्जी को आगे बढ़ाने पर ध्यान दिया जा रहा है। तृणमूल कांग्रेस किसी एक व्यक्ति की पार्टी नहीं है।"
श्री मित्रा ने दावा किया कि उन्होंने अपनी चिंताएँ कई बार पूर्व मुख्यमंत्री तक पहुँचाईं, लेकिन उन्हें कोई जवाब नहीं मिला। उन्होंने आरोप लगाया, "मेरी राय में श्री बनर्जी चाहते हैं कि फ़ैसले सिर्फ़ उनकी शर्तों पर लिए जाएँ और वह दूसरों को कोई अहम भूमिका नहीं निभाने देते। इससे संगठन कमज़ोर हो रहा है।" पार्टी से लोगों के लगातार जाने पर सुश्री बनर्जी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि ज़रूरत पड़ने पर वह संगठन को फिर से खड़ा करने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा, "आज हमारे पास 18 सांसद हैं। कुछ लोगों को धमकाया जा रहा है। आज भी एक व्यक्ति ने पार्टी छोड़ी। उसने कल ही मुझे बताया था कि उसके परिवार पर दबाव है। जो लोग जाना चाहते हैं, वे जा सकते हैं। अगर मैंने 2006 में पार्टी को फिर से खड़ा किया था, तो मैं 2026 में भी इसे फिर से खड़ा कर सकती हूँ।"
संतोष, मधुकांत
वार्ता
More News

विजयेंद्र ने बी नागेैन्द्र को मंत्री पद से हटाने की मांग की

09 Aug 2026 | 8:31 PM

कोलार, 09 अगस्त (वार्ता) कर्नाटक भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष विजयेंद्र येदियुरप्पा ने रविवार को खेल मंत्री बी. नागेंद्र को कर्नाटक कैबिनेट से हटाने की मांग करते हुए ऐलान किया कि पार्टी उन्हें फिर से मंत्री बनाए जाने के खिलाफ अपना अभियान तेज करेगी।.

see more..

बंगाल : राज्य में औद्योगीकरण के लिए सरकार ने फिर टाटा समूह से साधा संपर्क

09 Aug 2026 | 8:18 PM

कोलकाता, 09 अगस्त (वार्ता) पश्चिम बंगाल सरकार ने सिंगुर में औद्योगीकरण को पुनर्जीवित करने के लिए नये सिरे से प्रयास शुरू कर दिये हैं, जो पिछले लगभग 15 वर्षों से किसी बड़े उद्योग या खेती के बिना पड़ा हुआ है। .

see more..

'प्रदर्शनकारियों को गोली मारने' वाली टिप्पणी के लिए हिरासत में लिये गये संघ विचारक टी.जी. मोहनदास

09 Aug 2026 | 8:13 PM

कोच्चि, 09 अगस्त (वार्ता) राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विचारक टीजी मोहनदास को दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों पर गोलीबारी की वकालत करने के लिए रविवार को मत्तनचेरी में उनके आवास से हिरासत में ले लिया गया। .

see more..

ऋषिकेश के रायवाला में ग्रामीणों का बढ़े हुए पेयजल बिलों के खिलाफ आक्रोश

09 Aug 2026 | 7:43 PM

ऋषिकेश, 09 अगस्त (वार्ता) उत्तराखंड के ऋषिकेश में ग्राम पंचायत रायवाला में बढ़े हुए पेयजल बिलों को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश अब आंदोलन की ओर बढ़ता दिखाई दे रहा है। रविवार को ग्राम सभा रायवाला में आयोजित खुली बैठक में सैकड़ों ग्रामीणों ने हिस्सा लिया और अर्द्धनगरीय पेयजल योजना के तहत भेजे जा रहे भारी-भरकम बिलों का विरोध करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया।.

see more..

मणिपुर में सभी समुदाय मिलकर शांति और विकास के लिए काम करें : खेमचंद सिंह

09 Aug 2026 | 7:13 PM

इंफाल, 09 अगस्त (वार्ता) मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने रविवार को राज्य में सभी समुदायों के बीच एकता और शांति का आह्वान करते हुए लोगों से सामूहिक रूप से राज्य के विकास और सामान्य स्थिति बहाल करने के लिए काम करने की अपील की।.

see more..