Wednesday, Jan 23 2019 | Time 09:09 Hrs(IST)
image
BREAKING NEWS:
  • आज का इतिहास (प्रकाशनार्थ 24 जनवरी)
  • मोदी ने सुभाष चंद्र बोस को दी श्रद्धांजलि
  • इजरायल के लड़ाकू विमानों ने हमास के शिविर पर किए हमले
  • तुर्की में 4 6 तीव्रता का भूकंप
  • अफगानिस्तान में गोलीबारी में अमेरिकी सैनिक की मौत
  • अफगानिस्तान में गोलीबारी में अमेरिकी सैनिक की मौत
  • नागालैंड सरकार ने किया मुख्य सचिव का तबादला
  • रूसी विमान के अपहरण की कोशिश, एक यात्री गिरफ्तार
India Share

सपा-बसपा का साथ, माेदी के लिये बड़ी चुनौती

सपा-बसपा का साथ, माेदी के लिये बड़ी चुनौती

नयी दिल्ली, 12 जनवरी (वार्ता) लोकसभा की सीटों के लिहाज से सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश की राजनीति में पिछले तीन दशक से अहम भूमिका निभा रही समाजवादी पार्टी (सपा) और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने एक साथ चुनाव लड़ने की घोषणा कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लगातार दूसरी बार देश की बागडाेर संभालने की राह में एक बड़ी चुनौती पेश कर दी है।
पिछले लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को स्पष्ट बहुमत दिलाने और श्री मोदी को प्रधानमंत्री बनाने में उत्तर प्रदेश का बहुत बड़ा योगदान था। उस चुनाव में भाजपा ने राज्य की 80 में से 71 सीटें जीती थीं जो उसके द्वारा जीती गयी लोकसभा की कुल सीटों की लगभग एक चौथाई थीं। भाजपा की सहयोगी अपना दल को दो सीटें मिली थीं। सपा पांच तथा कांग्रेस दो सीटें जीत पायी थी जबकि बसपा का खाता भी नहीं खुल पाया था।
पिछले आम चुनाव तथा 2017 में हुये राज्य विधानसभा चुनाव में भाजपा को प्रचंड जीत मिली थी लेकिन यदि उसे मिले मतों तथा सपा और बसपा के मतों को देखा जाये तो अगले आम चुनाव में दोनों दलों का गठबंधन भाजपा के लिए पैदा कर सकता है। बसपा प्रमुख मायावती ने गठबंधन का एलान करते हुये कहा कि सपा-बसपा का साथ आना श्री मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की नींद उड़ा देगा।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार पांच वर्ष पहले हुये लोकसभा चुनाव के समय राज्य में भाजपा, सपा, बसपा आैर कांग्रेस के बीच चतुष्कोणीय मुकाबला हुआ था। भाजपा को 42 प्रतिशत से कुछ अधिक वोट मिले थे। सपा को 22.35 प्रतिशत तथा बसपा को 19.77 प्रतिशत मत मिले थे। इन दोनों दलों के मतों काे मिला दिया जाये तो वह भाजपा के बराबर पहुंच जाता है। विश्लेषकों का कहना है कि चुनाव में मतदान कभी भी एक तरह का नहीं होता है लेकिन 2014 की तरह ही अगली बार भी मतदान होता है तो भी सपा और बसपा के साथ आने से भाजपा की सीटों में कमी आना निश्चित है। यहां यह बात भी गौर करने लायक है कि 2014 में देश में कांग्रेस नीत संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन सरकार के विरुद्ध माहौल बना हुआ था जबकि अगले चुनाव में श्री मोदी और उनकी सरकार का कामकाज अहम मुद्दा हाेगा।
पिछले विधानसभा चुनाव की बात की जाय तो राज्य में तीन कोणीय मुकाबला हुआ था और इसमें भाजपा गठबंधन को जबर्दस्त विजय मिली थी। विधानसभा चुनाव सपा और कांग्रेस मिल कर लड़ी थी जबकि बसपा ने अकेले चुनाव लड़ा था।
इस चुनाव में भाजपा गठबंधन को मिले मतों में लोकसभा चुनाव की तुलना में कमी आयी थी लेकिन उसे 41 प्रतिशत से कुछ अधिक वोट मिले थे। अन्य दल सीटों के मामले में भाजपा से तो काफी पीछे रहे थे लेकिन सपा और बसपा में से प्रत्येक ने करीब 22 प्रतिशत मत हासिल किये। उनके मतों को मिला दिया जाये तो यह भाजपा गठबंधन को मिले मतों से अधिक हाेता है।
सपा-बसपा गठजोड़ को राज्य की जनता किस तरह से लेती है यह तो आने वाले चुनाव से ही स्पष्ट होगा लेकिन इन दोनों दलों ने एक साथ आकर पिछले वर्ष राज्य में हुये लोकसभा के तीन उपचुनाव में भाजपा को जिस तरह शिकस्त दी उससे लगता है कि भाजपा को राज्य में कड़ी परीक्षा से गुजरना होगा। पिछले माह कांग्रेस के हाथों तीन राज्य मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ गवां चुकी भाजपा के लिए उत्तर प्रदेश का नया राजनीतिक गठजोड़ सिरदर्द साबित हो सकता है।
जय.श्रवण
वार्ता

More News

मोदी ने सुभाष चंद्र बोस को दी श्रद्धांजलि

23 Jan 2019 | 8:52 AM

 Sharesee more..
भारत ने करतारपुर गलियारे से संबंधित जानकारियां पाकिस्तान से साझा की

भारत ने करतारपुर गलियारे से संबंधित जानकारियां पाकिस्तान से साझा की

23 Jan 2019 | 12:00 AM

नयी दिल्ली, 22 जनवरी (वार्ता) भारत ने अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे प्रस्तावित करतारपुर गलियारे के संबंध में मंगलवार को पाकिस्तान से जानकारियां साझा की और उसके अधिकारियों को आगे की बातचीत के लिए आमंत्रित किया।

 Sharesee more..
मोदी करेंगे सुभाष चंद्र बोस संग्रहालय का उद्घाटन

मोदी करेंगे सुभाष चंद्र बोस संग्रहालय का उद्घाटन

22 Jan 2019 | 11:08 PM

नयी दिल्ली, 22 जनवरी (वार्ता) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को यहां लाल किले में सुभाषचंद्र बोस संग्रहालय का उद्घाटन करेंगे।

 Sharesee more..
वंचितों तथा गरीबों के लिए काम करें छात्र : वेंकैया

वंचितों तथा गरीबों के लिए काम करें छात्र : वेंकैया

22 Jan 2019 | 10:59 PM

नयी दिल्ली 22 जनवरी (वार्ता) उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू ने छात्रों से वंचितों तथा गरीबों के लिए काम करने की अपील की है, श्री नायडू ने केरल से आये छात्रों के एक समूह को संबोधित करते हुये मंगलवार को यहाँ कहा कि युवा पीढ़ी में अपने देशवासियों के संघर्ष और उनकी परेशानियों के प्रति संवेदना होना महत्त्वपूर्ण है।

 Sharesee more..
‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ से समाज की मानसिकता में बदलाव

‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ से समाज की मानसिकता में बदलाव

22 Jan 2019 | 10:40 PM

नयी दिल्ली 22 जनवरी (वार्ता) केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने कहा है कि ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ योजना से बाल लिंग अनुपात में सुधार हुआ है और इससे बेटियों के संबंध में समाज की मानसिकता में सकारात्मक बदलाव आया है।

 Sharesee more..
image