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खेल Share

खिताब जीतते ही फ्रांस के खिलाड़ी और समर्थक जश्न में डूब गए। फ़्रांसिसी खिलाड़ियों ने अपना ध्वज लेकर पूरे स्टेडियम का चक्कर लगाया और 80 हजार दर्शकों का अभिवादन स्वीकार किया। दूसरी तरफ क्रोएशिया के खिलाड़ी सदमे में अपनी जगह खड़े रहे।
अपना तीसरा विश्व कप फाइनल खेल रहे फ्रांस को शुरुआत में क्रोएशिया के अटैक के सामने पसीना बहाना पड़ा लेकिन वे भाग्यशाली रहे कि 18वें मिनट में एंटोयन ग्रिएजमान की फ्री किक पर क्रोएशिया के स्ट्राइकर मारियो मांजुकिच अपने ही गोल में हैडर मार बैठे। यह विश्व कप फाइनल में पहला आत्मघाती गोल था।
इवान पेरिसिच ने 28वें मिनट में शक्तिशाली शॉट से क्रोएशिया को बराबरी दिला दी लेकिन पेरिसिच फिर हैंडबाल भी कर बैठे जिस पर वीडियो रेफेरल के बाद फ्रांस को 38वें मिनट में पेनल्टी मिल गयी जिस पर ग्रिजमैन ने गोल करने में कोई गलती नहीं की और फ्रांस 2-1 से आगे हो गया।
राज
जारी वार्ता
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