Thursday, Jan 24 2019 | Time 16:54 Hrs(IST)
image
BREAKING NEWS:
  • सरफराज ने नस्लीय टिप्पणी के लिए माफी मांगी
  • जैश-ए-मोहम्मद के दो आतंकवादी गिरफ्तार
  • क्षेत्र में घना कोहरा ,पाला तथा शीतलहर की संभावना
  • गणतंत्र दिवस के मौके पर एनटीपीसी की सुरक्षा बढ़ायी गयी
  • आसिया मामले में समीक्षा याचिका पर 29 जनवरी को सुनवाई
  • नडाल पांचवीं बार ऑस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल में
  • जाधव ने भाजपा में शामिल होने से इन्कार किया
  • चिकित्सक के लापता भतीजे का शव बरामद
  • जयंती के मौके पर याद किये गये कर्पूरी ठाकुर
  • रॉकिंगडील्स की स्पाइस हॉटस्पॉट रिटेल के साथ साझेदारी
  • केदारनाथ कस्तूरी मृग अभ्यारण्य में मंदिरों को शामिल करने के मामले में केन्द्र से मांगा जवाब
  • मैसी सर्वकालिक सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी: गार्सिया
  • चंदा के खिलाफ सीबीआई ने किया मुकदमा दर्ज, चार जगह छापे
  • असम के तीन व्याख्याता सड़क हादसे के शिकार
खेल Share

भारतीय टीम को निर्धारित समय के 59वें मिनट में गोल खाना अंतत: भारी पड़ गया। भारत के पास तब तक 2-1 की बढ़त थी लेकिन मलेशिया के मोहम्मद रेजी ने पेनल्टी कार्नर पर बराबरी का गोल दाग दिया। शूटआउट में दोनों टीमों ने दो दो निशाने साधे।
सडन डेथ में मुकाबला बराबर चलता रहा और 6-6 का स्कोर हो चुका था। ताजुद्दीन अहमद ने मलेशिया को 7-6 से आगे किया और अब सुनील पर दबाव आ गया। सुनील इस दबाव में टूट गये और भारत के लिये बराबरी का गोल नहीं कर सके। इस हार के साथ ही भारत का फिर स्वर्ण पदक जीतने का सपना टूट गया। हालांकि भारत को अभी महिला हॉकी टीम से उम्मीद है जो शुक्रवार को जापान के खिलाफ अपना फाइनल खेलेगी।
भारतीय टीम ने ग्रुप मैचों में गोलों की बरसात की थी और हांगकांग के खिलाफ 26-0 का अपना रिकार्ड भी बनाया था। लेकिन अहम सेमीफाइनल मुकाबले में भारतीय खिलाड़ियों ने अंतिम क्षणों में गोल खाने की कमजोरी फिर दिखायी और यही कमजोरी उसे ले डूबी।
राज प्रीति
वार्ता
image